वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए
फिरहाद ने कहा कि लोगों को रखने के लिए प्रत्येक वार्ड में 2 स्कूल लिए गए हैं
कोलकाता। कोलकाता के आसमान में बादलों ने तबाही मचा रखी है। रेमेल को लेकर शनिवार देर रात से ही तेज हवा चल रही है और रविवार दोपहर से बारिश का दौर भी शुरू हो गया है। रेमल के खतरे को भांपते हुए मेयर फिरहाद हकीम खुद रातभर अपनी टीम के साथ केएमसी के मुख्यालय में तैनात थे। मेयर रातभर टीम को दिशा-निर्देश देते रहे कि उन्हें कैसे काम करना है। दरअसल मेयर फिरहाद हकीम तूफान की आशंका से चिंतित थे।
फिरहाद ने रविवार को एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हम सभी चिंतित हैं। ये तूफान कोलकाता को छूएगा। अभी मौसम कार्यालय से जो चर्चा हुई है, उसके मुताबिक तूफान 60 से 80 किमी प्रति घंटे तक पहुंचेगा। मेयर ने कहा कि सभी स्तर के डीजी के साथ बैठक की गयी। 13,000 स्थायी कर्मचारी, 338 जल निकासी कर्मचारियों के साथ साथ इस आपदा से निपटने के लिए करीब 15,000 कर्मचारियों को सड़कों पर उतारा गया था। फिरहाद ने कहा कि रात दो बजे से पहले गंगा में पानी नहीं छोड़ा गया। जल जमाव से निपटने के लिये लगभग 480 पंप तैयार थे। हालांकि, मेयर ने संकेत दिया है कि 4-5 घंटे तक पानी जमा रहने की संभावना है।
इसके अलावा पेड़ गिरने या पूराने इमारतों के गिरने के अंदेशों के मद्देनजर 7 जेसीबी के साथ साथ क्रेन को भी तैयार रखा गया था। अम्फान से सीख लेते हुए चेतला, पार्क स्ट्रीट, सदर्न एवेन्यू जैसे विभिन्न स्थानों पर क्रेनें लगाई गयी थी। रविवार को 22 पंप हमेशा चालू रखे गये थे। खतरे को भांपते हुए केएमसी ने खतरनाक पूरानी और ऊंची इमारतों से लोगों को निकाल लिया और उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रखा। फिरहाद ने कहा कि लोगों को रखने के लिए प्रत्येक वार्ड में 2 स्कूल लिए गए हैं।